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International Journal of Contemporary Research in Multidisciplinary
ISSN: 2583-7397
Open Access • Peer Reviewed
Impact Factor: 5.67

International Journal of Contemporary Research In Multidisciplinary, 2026;5(2):230-235

छत्तीसगढ़ के संगठनात्मक परिवेश में महाभारत कालीन नैतिकता एवं नेतृत्व का प्रभाव: एक अध्ययन

Author Name: सुनील कुमार अग्रवाल;   डॉ. सतीश कुमार साहु;  

1. शोधार्थी, वाणिज्य एवं प्रबंधन विभाग, डॉ. सी.वी. रमन विश्वविद्यालय, करगी रोड कोटा, बिलासपुर, छत्तीसगढ़, भारत

2. सहायक प्रोफेसर, वाणिज्य एवं प्रबंधन विभाग, डॉ. सी.वी. रमन विश्वविद्यालय, करगी रोड कोटा, बिलासपुर, छत्तीसगढ़, भारत

Abstract

समकालीन संगठनात्मक परिवेश में अनैतिक व्यवहार और नेतृत्व की विफलता एक गंभीर वैश्विक चुनौती बनकर उभरी है। यह शोध पत्र भारतीय ज्ञान परंपरा (IKS), विशेष रूप से महाभारत में निहित प्रबंधन दर्शन के माध्यम से आधुनिक नेतृत्व और नैतिकता का पुनरावलोकन करता है। इस अध्ययन का मुख्य उद्देश्य महाभारत-आधारित नेतृत्व मूल्यों और छत्तीसगढ़ के संगठनात्मक परिवेश में प्रभावशीलता के मध्य संबंधों का विश्लेषण करना है। शोध में मात्रात्मक पद्धति अपनाई गई, जिसमें 300 उत्तरदाताओं से लिकर्ट स्केल-आधारित प्रश्नावली के माध्यम से डेटा एकत्र किया गया। SPSS विश्लेषण के परिणामों ने दोनों शोध परिकल्पनाओं की पुष्टि की: महाभारत-आधारित नेतृत्व मूल्यों का संगठनात्मक प्रभावशीलता पर महत्वपूर्ण सकारात्मक प्रभाव पाया गया (beta = 0.624, p <.001) । इसके अतिरिक्त, 'धर्म' और 'विवेक' पर आधारित नैतिकता संगठनात्मक नैतिक वातावरण में 54.8% भिन्नता की व्याख्या करने में सक्षम रही । यह शोध प्रबंधन शिक्षा के वि-औपनिवेशीकरण की दिशा में योगदान देते हुए मूल्य-आधारित नेतृत्व के लिए एक व्यावहारिक 'राजर्षि' मॉडल प्रस्तावित करता है।

Keywords

भारतीय ज्ञान परंपरा, महाभारत, धर्म-आधारित नेतृत्व, संगठनात्मक नैतिकता, छत्तीसगढ़।